शेयर बाजार में हफ्ते के तीसरे कारोबारी दिन यानी बुधवार को तेजी देखने को मिली. पीएसयू बैंकिंग और मेटल स्टॉक्स में मजबूती ने बाजार को उछाल दिया. बीएसई सेंसेक्स 283.29 अंक उछलकर 83,734.25 पर बंद हुआ, जबकि एनएसई पर निफ्टी 50 भी 93.95 अंक की बढ़त के साथ 25,819.35 पर बंद हुआ. विशेषज्ञों का कहना है कि घरेलू निवेशकों की सक्रियता और मजबूत वित्तीय प्रदर्शन ने बाजार को स्थिर किया, हालांकि आईटी स्टॉक्स की गिरावट ने कुल बढ़त को सीमित रखा.
मेटल और पीएसयू स्टॉक्स में मजबूती
बाजार में सबसे अधिक लाभ टाटा स्टील के शेयरों में देखा गया, जो 2.83 प्रतिशत उछलकर बंद हुए. इसके अलावा आईटीसी 2.24 प्रतिशत, एक्सिस बैंक 1.51 प्रतिशत, महिंद्रा एंड महिंद्र 1.49 प्रतिशत और रिलायंस इंडस्ट्रीज 1.22 प्रतिशत ऊपर बंद हुए. वहीं, आईटी सेक्टर में टेक महिंद्रा 1.58 प्रतिशत की बड़ी गिरावट के साथ नीचे आया. इसके अलावा एटरनल 1.56 प्रतिशत, इन्फोसिस 1.37 प्रतिशत, अडानी पोर्ट्स एंड स्पेशल इकोनॉमिक जोन 1.20 प्रतिशत और एचसीएल 1.16 प्रतिशत नीचे बंद हुए. यह दिखाता है कि निवेशक बैंकिंग और मेटल सेक्टर को प्राथमिकता दे रहे हैं, जबकि आईटी में एआई को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है.

तेजी के पीछे घरेलू और वैश्विक कारण
जियोजीत इन्वेस्टमेंट्स लिमिटेड के हेड ऑफ रिसर्च, विनोद नायर के अनुसार, वैश्विक अनिश्चितताओं के बावजूद घरेलू निवेशकों की खरीदारी ने बाजार को समर्थन दिया. बैंकिंग और फाइनेंशियल स्टॉक्स में मजबूती देखने को मिली, वहीं एफएमसीजी सेक्टर ने भी अपेक्षाकृत बेहतर प्रदर्शन किया. दूसरी ओर, आईटी सेक्टर पर एआई से संभावित व्यवधान और मार्जिन पर दबाव के डर ने असर डाला. NIFTY 500 की कंपनियों के तिमाही नतीजे अनुमान के अनुरूप रहने से मध्यम अवधि में घरेलू आर्थिक स्थिरता के संकेत मिले हैं, जिससे निवेशकों का भरोसा बना हुआ है.
वैश्विक संकेत और संस्थागत गतिविधि
एशियाई बाजारों में Nikkei 225 एक प्रतिशत बढ़त के साथ बंद हुआ, जबकि चीन, हांगकांग और दक्षिण कोरिया के बाजार चंद्र नववर्ष के कारण बंद रहे. यूरोपीय बाजार में दोपहर के कारोबार में तेजी थी, वहीं अमेरिकी बाजार मंगलवार को बढ़त के साथ बंद हुए थे. घरेलू संस्थागत गतिविधि भी सकारात्मक रही. विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने 995.21 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों (डीआईआई) ने 187.04 करोड़ रुपये की खरीदारी की. अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड की कीमत 0.33 प्रतिशत बढ़कर 67.64 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गई. कुल मिलाकर वैश्विक संकेत सकारात्मक हैं, लेकिन आईटी सेक्टर में एआई को लेकर अनिश्चितता अभी भी बाजार की चाल पर असर डाल रही है.

