भारतीय घरेलू बाजार बुधवार, 18 मार्च को लगातार तीसरे दिन तेजी के साथ बंद हुआ। प्रमुख बेंचमार्क इंडेक्स बीएसई सेंसेक्स 679 अंक की उछाल के साथ 76,750 के स्तर पर पहुंचा। वहीं, निफ्टी 50 203 अंक बढ़कर 23,785 अंक पर ट्रेड कर रहा था। मिडिल ईस्ट में तनाव के बीच भी घरेलू बाजार ने रिकवरी दिखाई। निवेशकों की उम्मीदें और सकारात्मक वैश्विक संकेत इस तेजी के मुख्य कारण बने।
आईटी शेयरों में मजबूती से बाजार को मिला सहारा
आज की तेजी में आईटी सेक्टर का प्रमुख योगदान रहा। पिछले कुछ दिनों से गिरावट झेल रहे आईटी शेयरों में निवेशकों ने जमकर खरीदारी की। निफ्टी आईटी इंडेक्स करीब 2.5 फीसदी बढ़ गया और लगातार छह दिनों से जारी गिरावट का सिलसिला थम गया। कुछ कंपनियों के शेयरों में 3 फीसदी से अधिक की तेजी देखी गई। निवेशकों के भरोसे ने बाजार को मजबूती देने में अहम भूमिका निभाई और सेंसेक्स व निफ्टी की उछाल को समर्थन मिला।

वैश्विक संकेत और VIX में गिरावट ने बढ़ाया भरोसा
घरेलू बाजार की तेजी में वैश्विक स्तर से मिले सकारात्मक संकेत भी योगदान दे रहे हैं। एशियाई बाजारों में साउथ कोरिया का कोस्पी इंडेक्स 4 फीसदी तक उछला जबकि जापान का निक्केई 225 इंडेक्स 2 फीसदी बढ़ा। अमेरिकी बाजार भी पिछले कारोबार दिन पॉजिटिव नोट पर बंद हुए थे। इसके साथ ही इंडिया VIX इंडेक्स में करीब 5 फीसदी की गिरावट आई और यह 18.84 के स्तर पर पहुंचा। इसका मतलब है कि निवेशकों का डर घटा और बाजार में माहौल शांत हुआ।
कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट ने बढ़ाया निवेशकों का उत्साह
कच्चे तेल की कीमतों में भी बुधवार को गिरावट देखने को मिली। ब्रेंट क्रूड की कीमत करीब 1.46 फीसदी फिसलकर 101.9 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंची। तेल की कीमतों में स्थिरता और गिरावट ने निवेशकों की चिंता कम की और बाजार को सहारा दिया। इस तरह, आईटी शेयरों में मजबूती, वैश्विक संकेत, VIX में गिरावट और कच्चे तेल की कीमतों में स्थिरता ने मिलकर भारतीय शेयर बाजार की लगातार तीसरी दिन की तेजी को संभव बनाया।

