हरियाणा के रेवाड़ी में ट्रैफिक पुलिस की सतर्कता से एक बड़ा हादसा टल गया। रूटीन जांच के दौरान रोडवेज बस का चालक शराब के नशे में वाहन चलाते हुए पकड़ा गया। बस में करीब 70 यात्री सवार थे, जिन्हें सुरक्षित दूसरे चालक के माध्यम से गंतव्य के लिए रवाना किया गया।
रूटीन चेकिंग में पकड़ा गया चालक
जानकारी के अनुसार, हरियाणा रोडवेज की बस रेवाड़ी बस स्टैंड से खालेटा के लिए रवाना हुई थी। बस यात्रियों से भरी हुई थी और उसमें लगभग 70 लोग सवार थे। जब बस नाईवाली चौक पहुंची तो सिटी ट्रैफिक इंचार्ज बलवंत सिंह ने नियमित जांच के दौरान बस को रुकवाया।
जांच में सामने आया शराब के नशे का मामला
चालक की गतिविधियां संदिग्ध लगने पर ट्रैफिक पुलिस ने एल्कोहल सेंसर से उसकी जांच कराई। जांच में चालक प्रदीप के शरीर में 280 मिलीग्राम प्रति 100 मिलीलीटर रक्त में एल्कोहल की मात्रा पाई गई, जबकि कानूनी सीमा 30 मिलीग्राम प्रति 100 मिलीलीटर है। रिपोर्ट सामने आने के बाद पुलिस ने तत्काल कार्रवाई शुरू कर दी।

10 हजार रुपये का चालान और लाइसेंस रद्द करने की सिफारिश
पुलिस ने चालक प्रदीप के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर 10 हजार रुपये का चालान किया। इसके बाद उसे मेडिकल जांच के लिए ट्रॉमा सेंटर भेजा गया। साथ ही उसके ड्राइविंग लाइसेंस को निरस्त करने की सिफारिश भी संबंधित विभाग को भेजी गई।
यात्रियों की सुरक्षा के लिए दूसरे चालक की व्यवस्था
चालक के पकड़े जाने के बाद यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए करीब एक घंटे बाद दूसरे चालक की व्यवस्था की गई। इसके बाद बस को सुरक्षित तरीके से खालेटा के लिए रवाना किया गया। समय रहते कार्रवाई होने से संभावित बड़ा हादसा टल गया।
पुलिस ने दी सख्त चेतावनी
सिटी ट्रैफिक इंचार्ज बलवंत सिंह ने कहा कि नशे की हालत में वाहन चलाने वालों के खिलाफ रेवाड़ी पुलिस लगातार सख्त कार्रवाई कर रही है। ऐसे मामलों में मुकदमा दर्ज करने के साथ-साथ ड्राइविंग लाइसेंस निरस्त कराने की प्रक्रिया भी अपनाई जाएगी, ताकि यात्रियों की सुरक्षा से कोई समझौता न हो।
रेवाड़ी में ट्रैफिक पुलिस की सतर्कता से एक बड़ी दुर्घटना टल गई। यह मामला सार्वजनिक परिवहन में सुरक्षा नियमों का पालन सुनिश्चित करने और नशे में वाहन चलाने के खिलाफ सख्त कार्रवाई की आवश्यकता को एक बार फिर सामने लाता है।

