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Tuesday, July 21, 2026
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विक्रम भट्ट और पत्नी श्वेतांबरी को सुप्रीम कोर्ट से मिली अंतरिम जमानत, जेल से होंगे रिहा

बॉलीवुड फिल्म निर्देशक विक्रम भट्ट और उनकी पत्नी श्वेतांबरी भट्ट को करोड़ों रुपये के कथित धोखाधड़ी मामले में सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। राजस्थान पुलिस ने दोनों को मुंबई से गिरफ्तार कर उदयपुर लाया था। इस मामले में आरोप है कि करीब 30 करोड़ रुपये की राशि, जो कथित तौर पर एक फिल्म प्रोजेक्ट के लिए दी गई थी, का दुरुपयोग किया गया। दोनों 7 दिसंबर 2025 से जेल में बंद थे, लेकिन अब सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई के दौरान उन्हें अंतरिम जमानत दे दी है।

हाई कोर्ट की खारिजी और सुप्रीम कोर्ट में याचिका

इससे पहले राजस्थान हाई कोर्ट ने 31 जनवरी 2026 को उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी थी। इसके बाद विक्रम और श्वेतांबरी ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (CJI) सूर्यकांत की अगुवाई वाली पीठ ने कहा कि आपराधिक मामले का इस्तेमाल किसी से पैसे वसूलने के साधन के रूप में नहीं किया जा सकता। कोर्ट ने राजस्थान सरकार को नोटिस जारी कर मामले पर जवाब मांगा। सुनवाई के दौरान अदालत ने निर्देश दिए कि निर्धारित बेल बॉन्ड भरने के बाद दोनों को तुरंत अंतरिम जमानत पर रिहा किया जाए।

विक्रम भट्ट और पत्नी श्वेतांबरी को सुप्रीम कोर्ट से मिली अंतरिम जमानत, जेल से होंगे रिहा

अंतरिम राहत का मतलब और आगे की प्रक्रिया

सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया कि यह अंतरिम राहत है और मामले की आगे की सुनवाई नियत तिथि पर की जाएगी। अदालत ने अगली सुनवाई गुरुवार, 19 फरवरी 2026 को तय की है। उस दिन कोर्ट इस मामले के तथ्यों और राज्य सरकार की दलीलों पर विस्तार से विचार करेगी। अंतरिम जमानत मिलने के बाद भट्ट दंपती की रिहाई का रास्ता साफ हो गया है, लेकिन मामले की पूरी कानूनी लड़ाई अभी जारी रहेगी। अदालत ने यह भी कहा कि बेल मिलने के बावजूद दोनों को सुनवाई तक सभी कानूनी नियमों का पालन करना होगा।

क्या है पूरा मामला और आरोप

विक्रम भट्ट और श्वेतांबरी भट्ट पर मुर्डिया की शिकायत के आधार पर धोखाधड़ी और क्रिमिनल ब्रीच ऑफ ट्रस्ट के आरोप हैं। शिकायत में कहा गया कि दोनों ने फिल्म प्रोजेक्ट के लिए दिए गए 30 करोड़ रुपये का गलत इस्तेमाल किया और अलग-अलग नामों से फर्जी बिल बनाकर रकम अपने खातों में ट्रांसफर कर ली। इस मामले में भट्ट दंपती के अलावा उदयपुर निवासी दिनेश कटारिया और भट्ट के मैनेजर महबूब अंसारी को भी गिरफ्तार किया गया था। पुलिस ने केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है और कानूनी प्रक्रिया अब सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार आगे बढ़ रही है।

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