पंजाब कांग्रेस में नेतृत्व परिवर्तन की चर्चाओं के बीच अमरिंदर सिंह राजा वडिंग ने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया है। 2 अक्टूबर को दिल्ली में उन्होंने कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी से मुलाकात कर अपना इस्तीफा सौंपा। इसके बाद उनकी पत्नी अमृता वडिंग ने प्रतिक्रिया देते हुए पार्टी आलाकमान और राहुल गांधी के प्रति आभार जताया।
अमृता वडिंग बोलीं- यह बड़ी उपलब्धि
राजा वडिंग के इस्तीफे पर प्रतिक्रिया देते हुए अमृता वडिंग ने कहा कि वह पार्टी आलाकमान की आभारी हैं, जिसने राजा वडिंग को पंजाब कांग्रेस की जिम्मेदारी संभालने का अवसर दिया। उन्होंने कहा कि राजा वडिंग ने इस दौरान काफी मेहनत की और दिन-रात संगठन के लिए काम किया।
अमृता वडिंग ने राहुल गांधी और भगवान के प्रति भी आभार जताया। उन्होंने कहा कि आगे भी पार्टी के लिए मेहनत जारी रहेगी और कांग्रेस को सत्ता में लाने के लिए काम किया जाएगा।
राहुल गांधी से मुलाकात के बाद वडिंग ने क्या कहा?
राहुल गांधी से मुलाकात के बाद राजा वडिंग ने बताया कि दोनों नेताओं के बीच पंजाब की राजनीतिक स्थिति, राज्य सरकार के कामकाज और कांग्रेस के सामने मौजूद चुनौतियों पर चर्चा हुई।
वडिंग के मुताबिक, उन्होंने राहुल गांधी के साथ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के रूप में अपने करीब साढ़े चार साल के अनुभव साझा किए। उन्होंने संगठन की ताकत और आने वाली चुनौतियों से निपटने के तरीकों पर भी चर्चा की।
वडिंग ने यह भी कहा कि राहुल गांधी ने उन्हें काफी स्नेह दिया और पंजाब के हालात के बारे में जानकारी ली।
2022 से संभाल रहे थे पंजाब कांग्रेस की कमान
राजा वडिंग ने अप्रैल 2022 में पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष का पद संभाला था। करीब साढ़े चार साल तक उन्होंने प्रदेश संगठन का नेतृत्व किया। 2024 के लोकसभा चुनाव में पंजाब की 13 सीटों में से कांग्रेस ने सात सीटों पर जीत दर्ज की थी।
अब उनके इस्तीफे के बाद पार्टी के सामने आगामी 2027 विधानसभा चुनाव से पहले प्रदेश संगठन की कमान नए नेता को सौंपने की चुनौती है।

कौन होगा अगला पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष?
राजा वडिंग के बाद नए प्रदेश अध्यक्ष को लेकर कई नाम चर्चा में हैं। इनमें पूर्व मंत्री और पूर्व सांसद विजय इंदर सिंगला का नाम प्रमुखता से सामने आया है। पार्टी सूत्रों के हवाले से कई रिपोर्टों में उन्हें प्रमुख दावेदार बताया गया है।
इसके अलावा परगट सिंह, सुखजिंदर सिंह रंधावा, राणा केपी सिंह और सुखबिंदर सिंह सरकारिया समेत अन्य नेताओं के नाम भी चर्चा में रहे हैं। हालांकि 2 अक्टूबर तक कांग्रेस ने नए प्रदेश अध्यक्ष के नाम की औपचारिक घोषणा नहीं की थी।
2027 चुनाव से पहले बड़ा संगठनात्मक बदलाव
पंजाब में अगले विधानसभा चुनाव 2027 में होने हैं। ऐसे में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष का बदलाव चुनावी तैयारियों के लिहाज से संगठन के लिए महत्वपूर्ण घटनाक्रम है। पार्टी नेतृत्व ने पिछले दिनों पंजाब संगठन को लेकर वरिष्ठ नेताओं से बातचीत और फीडबैक की प्रक्रिया भी शुरू की थी।
राजा वडिंग ने अपने इस्तीफे के बाद कहा कि कोई भी व्यक्ति हमेशा शीर्ष पद पर नहीं रह सकता। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उन्हें पद छोड़ने के लिए सीधे तौर पर नहीं कहा गया था और उन्होंने राहुल गांधी से इस्तीफा देने का फैसला इसलिए किया क्योंकि राहुल ने ही उन्हें प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नियुक्त किया था।
अब निगाहें कांग्रेस के अगले फैसले पर हैं कि पंजाब संगठन की कमान किस नेता को सौंपी जाती है और 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले पार्टी अपनी रणनीति को किस तरह आगे बढ़ाती है।

