Narendra Modi के संभावित टिहरी दौरे को लेकर Uttarakhand के टिहरी जिले में प्रशासनिक स्तर पर तैयारियां तेज हो गई हैं। प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार प्रधानमंत्री इस माह के अंत या जून के पहले सप्ताह में टिहरी पहुंच सकते हैं। इस दौरे के दौरान वह 1000 मेगावाट क्षमता वाले पंप स्टोरेज प्लांट को राष्ट्र को समर्पित कर सकते हैं। इस संभावित कार्यक्रम को लेकर जिला प्रशासन, THDC India Limited और अन्य संबंधित विभाग पूरी सक्रियता के साथ तैयारियों में जुट गए हैं। प्रधानमंत्री के आगमन को लेकर सुरक्षा व्यवस्था, यातायात प्रबंधन और जनसभा स्थल की तैयारियों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। स्थानीय स्तर पर भी इस दौरे को लेकर उत्साह का माहौल है और लोग इसे टिहरी के विकास के लिए ऐतिहासिक अवसर मान रहे हैं।
एशिया की सबसे बड़ी पंप स्टोरेज परियोजना बन सकती है टिहरी
टिहरी बांध परियोजना के तहत तैयार किया जा रहा यह पंप स्टोरेज प्लांट 1000 मेगावाट की अतिरिक्त क्षमता जोड़ने जा रहा है, जिससे कुल विद्युत उत्पादन क्षमता 2400 मेगावाट तक पहुंच जाएगी। इस परियोजना के जुड़ने के बाद टिहरी जल विद्युत परियोजना एशिया की सबसे बड़ी पंप स्टोरेज आधारित जल विद्युत परियोजना बन जाएगी। पहले से ही टिहरी बांध से 1000 मेगावाट और कोटेश्वर बांध से 400 मेगावाट बिजली का उत्पादन हो रहा है। अब इस नई परियोजना के शुरू होने से ऊर्जा उत्पादन में बड़ा इजाफा होगा। इस परियोजना के तीन यूनिट पहले ही सफलतापूर्वक संचालित किए जा चुके हैं, जिनका वर्चुअल उद्घाटन केंद्रीय ऊर्जा मंत्री द्वारा किया जा चुका है। यह परियोजना ऊर्जा क्षेत्र में उत्तराखंड को एक नई पहचान देने वाली मानी जा रही है।

प्रधानमंत्री के दौरे को लेकर प्रशासनिक और राजनीतिक हलचल तेज
प्रधानमंत्री मोदी के संभावित दौरे को लेकर राजनीतिक और प्रशासनिक हलचल दोनों तेज हो गई हैं। टिहरी विधायक Kishore Upadhyay ने देहरादून में मुख्यमंत्री Pushkar Singh Dhami से मुलाकात कर प्रधानमंत्री को टिहरी आने का औपचारिक निमंत्रण दिया है। इस मुलाकात के दौरान क्षेत्रीय विकास योजनाओं, बांध प्रभावितों के पुनर्वास और लंबित परियोजनाओं पर भी चर्चा हुई। विधायक ने कहा कि यदि प्रधानमंत्री का दौरा तय होता है तो यह टिहरी के विकास के लिए एक बड़ा ऐतिहासिक क्षण होगा। स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि इस दौरे से पुनर्वास, सड़क परियोजनाओं, मेडिकल कॉलेज और अन्य विकास योजनाओं को नई गति मिलेगी। प्रशासन फिलहाल आधिकारिक घोषणा से बच रहा है लेकिन तैयारियां तेज हो चुकी हैं।
टिहरी के लिए विकास की नई उम्मीदें और जनभावनाएं
टिहरी क्षेत्र में प्रधानमंत्री के संभावित आगमन को लेकर लोगों में उत्साह और उम्मीद दोनों बढ़ गई हैं। स्थानीय नागरिकों का मानना है कि इस दौरे से क्षेत्र को विकास की नई सौगात मिल सकती है। कोटी कॉलोनी क्षेत्र में प्रस्तावित जनसभा को लेकर भी तैयारियां चल रही हैं जहां बड़ी संख्या में लोगों के जुटने की संभावना है। यह परियोजना न केवल ऊर्जा उत्पादन में देश को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है बल्कि टिहरी को एक वैश्विक पहचान भी दिला सकती है। हालांकि टीएचडीसी और जिला प्रशासन ने अभी तक आधिकारिक रूप से दौरे की पुष्टि नहीं की है, लेकिन तैयारियों की गति से साफ है कि मामला काफी महत्वपूर्ण स्तर पर पहुंच चुका है। यदि यह दौरा होता है तो यह टिहरी के विकास इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ सकता है।

