पंजाब में भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रहे अभियान के तहत विजिलेंस ब्यूरो ने मार्च 2022 से अगस्त 2026 तक 1107 मामले दर्ज किए हैं। ब्यूरो के मुताबिक इस दौरान 1146 आरोपितों को गिरफ्तार किया गया, जबकि अदालतों ने भ्रष्टाचार से जुड़े 154 मामलों में 248 आरोपितों को दोषी करार दिया है।
मार्च 2022 से अगस्त 2026 तक का कार्रवाई ब्योरा
पंजाब सरकार की भ्रष्टाचार के खिलाफ घोषित जीरो टॉलरेंस नीति के तहत विजिलेंस ब्यूरो ने 16 मार्च 2022 से 31 अगस्त 2026 तक की कार्रवाई का विवरण जारी किया है।
ब्यूरो के अनुसार, इस अवधि में कुल 1107 मामले दर्ज किए गए। इनमें रिश्वतखोरी से जुड़े ट्रैप केस सबसे अधिक रहे।
529 ट्रैप केस, 638 गिरफ्तार
विजिलेंस ब्यूरो के आंकड़ों के मुताबिक, कुल मामलों में 529 केस ट्रैप से संबंधित थे। इन मामलों में रिश्वत लेते हुए पकड़े गए 638 आरोपितों को गिरफ्तार किया गया।
ट्रैप कार्रवाई में आम तौर पर शिकायत के आधार पर विजिलेंस टीम द्वारा रिश्वत लेते समय आरोपी को पकड़ने की कार्रवाई की जाती है।
546 आपराधिक मामले दर्ज
ब्यूरो ने इस अवधि में 546 आपराधिक मामले भी दर्ज किए। इन मामलों में कुल 492 आरोपितों की गिरफ्तारी की गई।
इसके अलावा आय से अधिक संपत्ति रखने के आरोपों से जुड़े 32 मामले दर्ज किए गए। इनमें 16 लोगों को गिरफ्तार किए जाने की जानकारी विजिलेंस ब्यूरो ने दी है।

301 विजिलेंस जांच शुरू
भ्रष्टाचार के मामलों में FIR और गिरफ्तारी के अलावा विजिलेंस ब्यूरो ने 301 विजिलेंस जांच भी दर्ज कीं।
इनमें 118 जांच आय से अधिक संपत्ति से संबंधित थीं, जबकि 183 अन्य मामलों में विजिलेंस जांच शुरू की गई। ब्यूरो के मुताबिक, इन जांचों के दौरान भ्रष्टाचार और कथित तौर पर अवैध तरीके से अर्जित संपत्ति से जुड़े मामलों की पड़ताल की गई।
154 मामलों में 248 दोषी
विजिलेंस ब्यूरो की कार्रवाई के बाद अदालतों में चल रहे मामलों में भी फैसले आए। ब्यूरो के अनुसार, मार्च 2022 से अगस्त 2026 के बीच अदालतों ने भ्रष्टाचार से जुड़े 154 मामलों में 248 आरोपितों को दोषी करार दिया।
किसी आरोपी की गिरफ्तारी या उसके खिलाफ मामला दर्ज होना अपने आप में दोष सिद्ध होने के बराबर नहीं है। दोषसिद्धि अदालत के अंतिम निर्णय के आधार पर होती है।
आगे भी कार्रवाई जारी रखने का दावा
विजिलेंस ब्यूरो का कहना है कि भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। ब्यूरो की ओर से ट्रैप केस, आपराधिक मामले और आय से अधिक संपत्ति से जुड़े मामलों पर निगरानी बनाए रखने की बात कही गई है।
पंजाब विजिलेंस ब्यूरो के जारी आंकड़ों के अनुसार, 16 मार्च 2022 से 31 अगस्त 2026 के बीच 1107 मामले दर्ज किए गए और 1146 आरोपित गिरफ्तार हुए। इसी अवधि में अदालतों ने 154 मामलों में 248 आरोपितों को दोषी ठहराया। ब्यूरो के मुताबिक आय से अधिक संपत्ति के मामलों में भी जांच और कार्रवाई जारी है।

