राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (NSA) से जुड़े दिल्ली सरकार के एक गजट नोटिफिकेशन को लेकर राजनीतिक बहस तेज हो गई है। कांग्रेस नेता अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने इसे सोशल मीडिया पर साझा कर सरकार पर निशाना साधा, वहीं दिल्ली पुलिस ने इसे नियमित प्रशासनिक प्रक्रिया बताते हुए किसी भी तरह के भ्रम से बचने की अपील की है।
कांग्रेस ने सरकार पर साधा निशाना
कांग्रेस नेता अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने सोशल मीडिया पर NSA से संबंधित राजपत्र अधिसूचना साझा करते हुए आरोप लगाया कि सरकार विरोध की आवाजों को दबाने की कोशिश कर रही है। उन्होंने अपने पोस्ट में कहा कि देश का नौजवान न झुकेगा और न डरेगा।
गजट अधिसूचना में क्या है?
साझा की गई अधिसूचना के अनुसार, 19 जुलाई 2026 से 18 अक्टूबर 2026 तक दिल्ली पुलिस आयुक्त को राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (NSA) के तहत निरोध संबंधी शक्तियों का प्रयोग करने का अधिकार दिया गया है। इसी नोटिफिकेशन को लेकर सोशल मीडिया पर विभिन्न तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं।
दिल्ली पुलिस ने जारी किया स्पष्टीकरण
सोशल मीडिया पर बढ़ती चर्चाओं के बाद दिल्ली पुलिस ने आधिकारिक बयान जारी कर कहा कि NSA के तहत शक्तियों का यह विस्तार नियमित त्रैमासिक प्रशासनिक प्रक्रिया का हिस्सा है। पुलिस के अनुसार, इसे CJP के मौजूदा प्रदर्शनों से जोड़ना भ्रामक है।

‘प्रदर्शनों से पहले जारी हुआ था आदेश’
दिल्ली पुलिस ने बताया कि वर्तमान नवीनीकरण आदेश 7 जुलाई 2026 को जारी किया गया था, जो 19 जुलाई से 18 अक्टूबर 2026 तक प्रभावी रहेगा। पुलिस का कहना है कि यह आदेश CJP प्रदर्शनों की शुरुआत से पहले जारी किया गया था और हालिया प्रदर्शनों के संबंध में कोई विशेष आदेश जारी नहीं किया गया।
अफवाहों से बचने की अपील
दिल्ली पुलिस ने नागरिकों से अपील की कि वे अपुष्ट या भ्रामक सूचनाओं पर भरोसा न करें। पुलिस ने कहा कि सही जानकारी के लिए केवल आधिकारिक स्रोतों पर विश्वास करें और सोशल मीडिया पर बिना पुष्टि की जानकारी साझा करने से बचें।
NSA गजट को लेकर सोशल मीडिया पर राजनीतिक बहस तेज हो गई है। जहां कांग्रेस ने इसे लेकर सरकार पर सवाल उठाए हैं, वहीं दिल्ली पुलिस ने स्पष्ट किया है कि यह नियमित प्रशासनिक प्रक्रिया है और इसका मौजूदा प्रदर्शनों से कोई विशेष संबंध नहीं है। ऐसे में मामले को लेकर अलग-अलग दावों के बीच आधिकारिक स्पष्टीकरण भी सामने आ चुका है।

